Haryana Sunflower Procurement Kharid 2026: हरियाणा के किसानों के लिए चंडीगढ़ और कृषि विभाग से एक बेहद राहत भरी और बड़ी खबर सामने आ रही है। राज्य सरकार ने रबी मार्केटिंग सीजन 2026-27 के तहत होने वाली सूरजमुखी (Sunflower) की सरकारी खरीद के शेड्यूल में बड़ा बदलाव किया है। पहले जो खरीद 1 जून 2026 से शुरू होनी थी, उसे अब एक हफ्ता पहले यानी आज सोमवार, 25 मई 2026 से ही आधिकारिक तौर पर शुरू कर दिया गया है।
हरियाणा के राज्यपाल की मंजूरी के बाद शनिवार को इसका संशोधित नोटिफिकेशन (Revised Notification) जारी किया गया था। भारतीय किसान यूनियन (BKU) चरुणी के कड़े विरोध और सरकार को लिखे पत्र के बाद प्रशासन ने यह फैसला लिया है ताकि किसानों को अपनी फसल औने-पौने दामों पर निजी व्यापारियों को न बेचनी पड़े।
Sunflower Procurement: ₹7,721 प्रति क्विंटल के रिकॉर्ड एमएसपी (MSP) पर होगी खरीद
हरियाणा सरकार ने इस बार सूरजमुखी का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) ₹7,721 प्रति क्विंटल तय किया है। भारतीय किसान यूनियन (चरुणी) के मीडिया प्रभारी राकेश बैंस ने राज्य के सभी सूरजमुखी उत्पादक किसानों से अपील की है कि वे अपनी फसल को लेकर आज सुबह 10 बजे से ही संबंधित अनाज मंडियों में पहुंचना शुरू कर दें ताकि सुचारू रूप से तौल और खरीद प्रक्रिया को शुरू किया जा सके।
Sunflower Procurement: 5 जिलों में बनाए गए 17 मुख्य खरीद केंद्र (17 Purchase Centres)
खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता मामले विभाग ने सुचारू खरीद के लिए राज्य के 5 प्रमुख सूरजमुखी उत्पादक जिलों में 17 मंडियों को आधिकारिक खरीद केंद्र घोषित किया है:
- 1. कुरुक्षेत्र जिला (7 केंद्र): शाहाबाद, थानेसर, इस्माइलाबाद, थोल, लाडवा, बाबैन और झांसा मंडी।
- 2. अंबाला जिला (7 केंद्र): अम्बाला सिटी, अम्बाला कैंट, बराड़ा, मुलाना, शहजादपुर, साहा और नारायणगढ़ मंडी।
- 3. करनाल जिला (1 केंद्र): करनाल मुख्य अनाज मंडी।
- 4. यमुनानगर जिला (1 केंद्र): साढौरा अनाज मंडी।
- 5. पंचकूला जिला (1 केंद्र): बरवाला अनाज मंडी।
इस पूरी खरीद प्रक्रिया को सुचारू रूप से चलाने के लिए HAFED, NAFED, हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड (HSAMB), हरियाणा राज्य भंडारण निगम (HSWC) और NCCF जैसी शीर्ष सरकारी एजेंसियों को मैदान में उतारा गया है।
Sunflower Procurement: महत्वपूर्ण लिंक्स (Official Links)
- हरियाणा खाद्य एवं आपूर्ति विभाग पोर्टल: यहाँ क्लिक करें
- मेरी फसल मेरा ब्यौरा (हरियाणा किसान पोर्टल): यहाँ क्लिक करें
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
1. हरियाणा में सूरजमुखी की सरकारी खरीद कब से शुरू हुई है?
पहले यह खरीद 1 जून से होनी तय थी, लेकिन किसानों की मांग और फसल की अगेती आवक को देखते हुए सरकार ने इसे एक हफ्ता पहले यानी आज 25 मई 2026 से ही शुरू कर दिया है।
2. इस साल सूरजमुखी का सरकारी रेट (MSP) क्या तय किया गया है?
रबी मार्केटिंग सीजन 2026-27 के लिए सरकार ने सूरजमुखी का न्यूनतम समर्थन मूल्य ₹7,721 प्रति क्विंटल निर्धारित किया है, जो कि किसानों को सीधे उनके बैंक खातों में भुगतान किया जाएगा।
3. सरकार ने खरीद की तारीख को एक हफ्ता पहले (Advanced) क्यों किया?
सूरजमुखी एक बेहद संवेदनशील फसल है जो तेज हवा या बारिश में खराब हो सकती है। मंडियों में फसल की भारी आवक शुरू हो चुकी थी और किसान औने-पौने दामों पर निजी व्यापारियों को फसल बेचने पर मजबूर थे, जिसे रोकने के लिए बीकेयू चरुणी की मांग पर सरकार ने यह एडवांस कदम उठाया।
4. हरियाणा के किन जिलों में सूरजमुखी के खरीद केंद्र बनाए गए हैं?
मुख्य रूप से हरियाणा के 5 जिलों— कुरुक्षेत्र, अंबाला, करनाल, यमुनानगर और पंचकूला में कुल 17 अनाज मंडियों को खरीद केंद्र बनाया गया है।
5. किसानों को मंडी में फसल लाने से पहले क्या सावधानी बरतनी चाहिए?
कृषि विभाग के अधिकारियों ने किसानों को सख्त सलाह दी है कि वे अपनी सूरजमुखी की उपज को मंडियों में लाने से पहले अच्छी तरह साफ कर लें और सुखा (Moisture Free) लें, ताकि बिना किसी देरी के तुरंत तौल हो सके।
6. सूरजमुखी की सरकारी खरीद का लाभ उठाने के लिए क्या अनिवार्य है?
किसानों की फसल का ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’ (MFMB) पोर्टल पर पंजीकरण होना अनिवार्य है। जिन किसानों का रजिस्ट्रेशन वेरीफाइड है, केवल उन्हीं की फसल एमएसपी पर खरीदी जाएगी।
7. फसल बेचने के बाद किसानों को भुगतान (Payment) कितने दिनों में मिलेगा?
सरकार के कड़े निर्देशों के अनुसार, खरीद एजेंसियों को फसल की जे-फॉर्म (J-Form) कटने के अधिकतम 72 घंटों (3 दिनों) के भीतर सीधे किसान के बैंक खाते में डिजिटल माध्यम से भुगतान ट्रांसफर करना होगा।
8. क्या एडवांस खरीद शुरू होने से नियमों में कोई बदलाव किया गया है?
नहीं, कृषि विभाग ने साफ किया है कि केवल खरीद की तारीख को 1 जून से बदलकर 25 मई किया गया है, बाकी खरीद के सभी प्रशासनिक नियम, गुणवत्ता मानक और शर्तें पहले की तरह ही रहेंगी।
9. यह सरकारी खरीद प्रक्रिया कब तक जारी रहेगी?
संशोधित आदेशों के अनुसार, यह खरीद प्रक्रिया अब 25 मई से शुरू होकर 30 जून 2026 तक लगातार जारी रहेगी। किसान संगठनों ने इसे 15 जुलाई तक बढ़ाने की भी मांग की है।
10. मंडी से जुड़ी किसी भी समस्या या शिकायत के लिए कहाँ संपर्क करें?
किसान किसी भी प्रकार की समस्या होने पर मंडी सचिव (Secretary) कार्यालय या हरियाणा किसान हेल्पलाइन नंबर 1800-180-2117 पर सुबह 9 से शाम 5 बजे के बीच संपर्क कर सकते हैं।
निष्कर्ष (Conclusion)
सूरजमुखी की सरकारी खरीद को 1 जून की बजाय 25 मई से ही शुरू करना हरियाणा सरकार का किसानों के हित में एक बेहद सराहनीय और एडवांस फैसला है। इससे न केवल किसानों की आर्थिक चपत रुकेगी, बल्कि वे अपनी संवेदनशील फसल को मौसम की मार से भी बचा सकेंगे। “Haryana Halchal” सभी किसान भाइयों से अनुरोध करता है कि वे पूरी तरह साफ और सूखी फसल ही मंडी में लेकर आएं।
डिस्क्लेमर: यह लेख हरियाणा कृषि एवं किसान कल्याण विभाग और खाद्य आपूर्ति विभाग द्वारा 24 मई 2026 को जारी आधिकारिक संशोधित अधिसूचना और मीडिया रिपोर्ट्स के आधार पर तैयार किया गया है। मंडी अनुसार दैनिक कोटा, फसल की नमी (Moisture) सीमा और गेट पास से जुड़ी पल-पल की सटीक जानकारी के लिए हमेशा अपने स्थानीय मार्केट कमेटी कार्यालय या आधिकारिक पोर्टल fasal.haryana.gov.in के निर्देशों को ही अंतिम मानें। “Haryana Halchal” केवल सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए यह जानकारी साझा कर रहा है।
